छोटे भाई की साली की सील तोड़ी-2

Chote bhai ki sali ki seal todi-2

कुछ देर बाद वो मुझसे मुस्कुराती हुई बोली कि में आपके लिए दूसरी रज़ाई लेकर अभी आती हूँ और वो यह बात कहकर तुरंत वहां से शरमाकर बाहर चली गई. मैंने सोचा कि अब वो दोबारा नहीं आएगी, लेकिन कुछ देर बाद वो आ गई जिसका मुझे बिल्कुल भी विश्वास नहीं था और वो अपने साथ एक रज़ाई लेकर आई थी और उसने उस रजाई को मेरे ऊपर फेंक दिया. में उसको पकड़कर अपने ऊपर पलंग पर बिछाकर पलंग पर लेटने लगा, तो वो मुझसे बोली कि यहाँ पर नहीं, आप मेरे साथ मेरे बेडरूम में चलिए.

दोस्तों सच कहूँ तो में उसके मुहं से वो बात सुनकर एकदम खुश हो गया और में मन ही मन में सोचने लगा कि आज तो मुझे चुदाई करने के लिए एक वर्जिन तड़पती हुई प्यासी चूत मिलेगी और अब में वो बात मन में सोचकर खुश होता हुआ तुरंत उठकर उसके पीछे पीछे उसके बेडरूम में चला गया.

फिर अंदर जाते ही में उसके ऊपर टूट पड़ा. में उसके बूब्स को दबाने लगा और निप्पल को मसलने लगा. तभी वो बोली कि पहले आप मुझे दरवाजा तो बंद करने दीजिए. फिर में तुरंत वैसे ही रुक गया और वो मेरे सामने से हटकर दरवाजा बंद करके वापस चली आई और मैंने दोबारा उसको कसकर अपनी बाहों में जकड़ लिया और में उसके होंठो पर अपने होंठ रखकर ज़ोर ज़ोर से उनको चूसने लगा. वो सिसकियाँ लेने लगी आहहह ऊफफ्फ्फ करने लगी. में अब उसके दोनों बूब्स को बहुत ज़ोर से जोश में आकर दबाने लगा और उसी समय मैंने धीरे धीरे उसके सभी कपड़े भी एक एक करके उतार दिए और उसके बाद में भी अब नंगा हो गया.

फिर उसने हमारे नंगे बदन को देखकर शरम की वजह से अपने सर को मेरी छाती में छुपा लिया और मैंने उसके बूब्स को बहुत ज़ोर ज़ोर से दबाना शुरू किया और में उसके पूरे गोरे सेक्सी बदन को चूमने लगा, जिसकी वजह से वो तो जोश में आकर एकदम मदहोश हो गयी. फिर मैंने अपना लंड जो कि पूरे जोश में आकर बहुत गरम हो चुका था. मैंने उसके हाथ में पकड़ा दिया तो वो मेरे गरम, मोटे, लंबे लंड को अपने नरम मुलायम हाथ से छूकर एकदम सिहर उठी.

हिंदी सेक्स स्टोरी :  कॉलेज की लड़की की खिड़की खोली-2

फिर वो बोली कि मेरे पापा मेरी शादी नहीं करवाते है और में कब से यह सब करने के लिए तरस रही हूँ, लेकिन मुझे आज तक ऐसा कोई अच्छा मौका नहीं मिला. आज मिल गया है तो में इसका आज पूरा फायदा उठाकर अपनी चुदाई का तुम्हारे साथ भरपूर मज़ा लूंगी और तुमसे जमकर अपनी चुदाई करवाऊंगी. अब मैंने उसकी वो बातें सुनकर खुश होकर उसको चूमते हुए अपनी एक उंगली को उसकी चूत में डाल दिया, जिसकी वजह से वो सिसकियाँ भरनी लगी आआअहह उफ्फ्फ्फ़.

में करीब 15 मिनट तक उसके बूब्स को दबाता और उसकी चूत में अपनी ऊँगली को अंदर बाहर करता रहा. फिर उसके बाद में नीचे झुककर उसकी कामुक चूत को चाटने लगा जिसकी वजह से वो मस्त हो गई और वो अब जोश में आकर ना जाने क्या क्या बोलने लगी. वो बोली कि जीजाजी थोड़ा सा प्यार से चोदना क्योंकि यह मेरी पहली चुदाई है और मुझे बहुत दर्द होगा. आप मज़े के साथ साथ मेरे दर्द का भी ध्यान रखना. फिर मैंने उसको अब बेड पर सीधा लेटा दिया और में अपना लंड उसके मुँह में डालने लगा. वो मुझसे ऐसा करने के लिए मना करती रही, लेकिन में फिर भी नहीं माना और मैंने अपना लंड उसके मुहं में डाल दिया.

फिर वो मेरे लंड को अपने मुँह में लेकर चूसने लगी और में उसकी चूत में अपनी उंगली को अंदर बाहर करता रहा, जिसकी वजह से वो पूरी तरह से जोश में आकर सिसकियाँ भर रही थी आअहह ऊफफ्फ्फ्फ़ जीजाजी अब बस करिए और मुझे अब आप चोदना शुरू करो, मुझे अब और मत तरसाओ, अब आप चोद दो मुझे और मेरी इस आग को बुझा दो आह्ह्हह्ह.

हिंदी सेक्स स्टोरी :  नानाजी का प्यार-1

फिर मैंने उसको सीधा लेटाकर में अब उसके ऊपर आ गया और उसके दोनों पैरों को फैलाकर अपना 6 इंच के लंड का टोपा मैंने उसकी चूत के मुहं पर रखकर में रगड़ने लगा जिसकी वजह से वो आआअहह ऊउईईईइ जीजाजी करने लगी और कुछ देर रगड़ने के बाद मैंने अपना थूक अपने लंड पर लगाकर अपने लंड को उसकी चूत के मुहं पर रखकर मैंने एक ज़ोर का झटका दे दिया, जिसकी वजह से मेरा लंड उसकी चूत में थोड़ा सा अंदर चला गया और वो दर्द से करहा उठी मचलने लगी और अब में बिल्कुल शांत होकर उसके बूब्स को दबाने सहलाने लगा और उसको किस करने लगा.

यह कहानी आप HotSexStory.xyz में पढ़ रहें हैं।

फिर थोड़ी देर के बाद मैंने एक जोरदार झटका लगाया, तो वो ऊउईईईईइ माँ में मर गई आईईईई करके मुझसे चिपक गयी और थोड़ी देर बाद मैंने एक बार फिर से ज़ोर के झटके लगाने शुरू कर दिए, जिसकी वजह से अब मेरा पूरा का पूरा लंड उसकी चूत के अंदर चला गया और में उसको लगातार 15 मिनट तक धक्के देकर चोदता रहा और वो साली रंडी भी अपनी गांड को उठा उठाकर मुझसे अपनी चूत को चुदवाने लगी और इस बीच वो तीन बार झड़ चुकी थी.

दोस्तों अब में भी झड़ने वाला था, इसलिए मैंने उससे यह पूछ लिया था कि में अब क्या करूं अपना वीर्य कहाँ निकालूं? तब वो मुझसे कहने लगी कि आप मेरी चूत में अपना वीर्य मत डालना नहीं तो में उस वजह से गर्भवती हो जाउंगी. आप उसको कहीं बाहर ही निकाल दो और तब मैंने उसके कहने पर अपना लंड उसकी चूत से उसी समय तुरंत बाहर निकालकर उसके मुहं में डाल दिया जिसको वो बड़े मज़े से लोलीपोप की तरह चूसने लगी.

वो किसी अनुभवी रांड की तरह मेरा लंड अंदर बाहर करके लंड के टोपे पर अपनी जीभ को घुमाकर बड़े मज़े से चाट रही थी और में तभी उसके मुहं में झड़ गया. उसने मेरा सारा वीर्य अपने मुहं में भरकर बाहर थूक दिया और उस पूरी रात को करीब 4:30 बजे सुबह तक हम दोनों ने चार बार अलग अलग तरीके से सेक्स किया.

हिंदी सेक्स स्टोरी :  कुँवारी चूत की सीलतोड़ चुदाई-2

मैंने ध्यान से देखा उसकी चूत मेरी जमकर चुदाई की वजह से पाव रोटी की तरह एकदम फूल गयी थी. फिर में उसके कमरे से उठकर अपने कमरे में जाकर सो गया. दोस्तों सुबह हम दोनों भाई उठकर चाय नाश्ता करके वापस अपने काम पर चले गए. फिर में कुछ दिन अपने भाई के पास रुककर दोबारा वापस जोधपुर आ गया.

उसने एक दिन मेरे पास फोन किया और वो मुझसे बोली कि आप तो मुझसे इतना दूर चले गये है कि मेरा अब आपसे दूर रहकर बहुत बुरा हाल है आप कब आओगे? तब मैंने कहा कि में तुमसे मिलने समय मिलते ही जरुर आ जाऊंगा, लेकिन फिर उसकी इस साल फरवरी के महीने में शादी हो गयी और दोबारा मुझे उसकी चुदाई का मौका नहीं मिला, लेकिन इस बात की मुझे बहुत ख़ुशी थी कि उसकी पहली बार चुदाई करके मैंने उसकी चूत की सील को तोड़ दिया. वो एक बहुत अलग अहसास था जिसको में आज भी नहीं भुला सका.

दोस्तों अब उसको एक मस्त लंड मिल गया है जो उसकी जमकर चुदाई करके उसको बहुत खुश रखता है और वो उसके साथ ख़ुश रहकर अपना जीवन जी रही है. उसका पति उसके कहने पर उसको हमेशा चुदाई के बहुत मज़े देता है. यह सभी बातें वो मुझसे फोन पर करती है और अपनी हर एक बात वो मुझे बता देती है.

आपने HotSexStory.xyz में अभी-अभी हॉट कहानी आनंद लिया लिया आनंद जारी रखने के लिए अगली कहानी पढ़े..
HotSexStory.xyz में कहानी पढ़ने के लिये आपका धन्यवाद, हमारी कोशिश है की हम आपको बेहतर कंटेंट देते रहे!