होली में चुदाई का दुःख दूर किया मैडम का

(Holi Mein Chudai Ka Dukh Dur Kiya Madam Ka)

ये बात उन दीनो की है जब मैं 13 वी मे पढ़ता था (उमर 18 साल) मैं मैथ मे वीक था इसलिए अल्पना मैडम से ट्यूशन पढ़ता था पहले तो सब नॉर्मल था पर मुझे ऐसा लगता था जैसे वो मुझे अक्सर तिरच्चि नज़रो से देखती हो,पहले तो मैंने ध्यान नही दीया फिर सोचने लगा क्या बात हो सकती है आख़िर मुझे वो क्यू ऐसे देखती है,वो 35 साल की थी और विधवा थी उनके पति को मरे हुए 10 साल हो चुके थे, Holi Mein Chudai Ka Dukh Dur Kiya Madam Ka.

मुझे ये अनुभव नही था की वो मुझसे संतूस्टी चाहती है ये एहसास मुझे तब हुवा जब होली के दिन ऊनो ने मुझे अपने घर पे बुलाया और जब मैं वाहा पहोच तो देखा वो रो रही थी मैं कुच्छ नही समझ पाया मैंने ऊनसे पूछा आप क्यू रो रही हो उनोने कहा क्यू पूच्छ रहे हो क्या करोगे जान के क्या तुम मेरा कस्ट दूर कर सकते हो मैं समझ नही पाया और फट से हा कह दिया वो बोली करोगे पीछे तो नही हतोगे मैंने कहा मैं वादा करता हू बस आप अब रोना मत वो बोली ठीक है,और मुझे अपने कमरे मे ले गयी.

मुझसे बोली अपनी आखे बंद करो मैने कहा क्यू वो बोली तुमने मुझसे वादा किया है,मैं कहा ठीक है और मैने आखे बंद कर ली,करीब 5 मीं, के बाद ऊनोने कहा आखे खोलो जब मैने आखे खोली तो देखा की वो पूरी तरह नंग्गी मेरे सामने खड़ी है उनके बूब्स इतने बड़े थे मेरे दोनो हाथो मे ना आ पाए उनकी चूत बालो के बिना चमक रही थी उनकी आखे मुझसे कह रही थी आओ और जी भर के चोदो मुझे,मैने थोड़ी एक्टिंग की कहा म्याम आप ये क्या कर रही है वो बोली तुमने मुझसे वादा किया था अब वादा पूरा करो मुझे 10 साल से पति का सुख नही मिला प्लीज प्लीज चोदो मूझे आज प्लीज,

मैने सोचा आज मौका अच्छा मिला है छ्चोड़ना नही चाहिए,मैं मेडम को बाहो मे जकड़ लिया और उनके होतो पे किस करने लगा मेडम को शायद बहोत जल्दी थी ऊनोने मेरा लॅंड पकड़ लिया और होतो को हटा कर कहा रमन सारे कपड़े उतार दो मुझे तुम्हारा लॅंड मूह मे लेना है मैने कपड़े उतार दिए.                                                      “Holi Mein Chudai Ka Dukh”

मेडम ने जैसे ही मेरा लॅंड अपने मूह मे लिया मेरी उत्तेजना इतनी बढ़ गयी की बस मेडम को चोदू 10मीं, तक मेरे लॅंड से खेलने के बाद मेडम बेड पर दोनो टांग फयलाक़र लेट गयी और बोली मेरी चूत अपनी ज़बान से चूस चूस के सारा रस निकाल दो मैं मेडम की चूत चाटने लगा और ज़बान से उन्हे चाटने लगा मेडम कंट्रोल के बाहर हो गयी और आहह आहह की आवाज़ निकाल ने लगी मुझे बहोत मज़ा आ रहा था,

अब मेडम गरम हो चुकी थी और बोली रमन अब बर्दाश नही होता चोदो मुझे प्लीज मैं भी यहॉ चाहता था मैने अन बूब्स को मूह मे लिया और मेडम की टांग फैलाई मेडम की चूत पर अपना लॅंड रखा और धीरे धीरे धक्का देने लगा मेडम को और मज़ा आने लगा मेडम ने मेरे कमर पे हाथ रख कर पकऴ के दबा लिया अब मेरा पूरा लॅंड मेडम की चूत मे चला गया मेडम के मूहसे आवाज़ आने लगी आहह वाह मजा आरहा था मेडम ने काहा बूब्स मूह मे लो मैने मेडम की दोनो टाँगे अपने कंधे पे रखकर एक झटका दिया तो मेडम बोली आअहह सास आआहह और तेज रमन तेज मेरे धक्के और तेज हो गये.

और मेडम बोली रमन मैं झड़ने वाली हू मैं बोला मेडम मैं भी झड़ने वाला हू मेडम बोली पूरा लॅंड अंदर डाल के दबा डालो मुझे और हम दोनो एक साथ झार गये मैं कुच्छ देर मेडम के उपर ही लेटा राहा करीब 15मीं बाद मेडम फिर से रेडी थी मेडम ने कहा रमन प्लीज मेरे मूह मे झार जाओ एक बार मुझे तुम्हारे लॅंड का पानी पीना है मैने कहा ओके मेडम फिर मैने अपना लॅंड मेडम के मूह मे दे दिया मेडम मेरा लॅंड लोलीपोप की तरह चूस रही थी                                                  “Holi Mein Chudai Ka Dukh”

मैने कहा मेडम मुझे फिरसे आपकी चूत मे अपना लॅंड डालना है मेडम मुझे बहोत मज़ा आराहा हे प्लीज मेडम ने मेरा लॅंड अपने मूह से निकाला और बेड पर लेट गयी ओर इसके बाद मैं पुर ताक़त के साथ अपना लँड मेडम की चूत मे डाल दिया मेडम बोली रमन आराम से मुझे लग रहा हे पर मुझे तो चोदने से मतलब था मैं बिना रुके मेडम को चोदता राहा मेरी स्पीड इतनी तेज थी की मेडम की आखो से आसू निकलने लगे पर अब मेडम को पहले जादा मज़ा आ रहा था वो नीचे से मेरा साथ दे रही थी अचानक मैं और मेडमओर मे एक दूसरे से चिपक गये और दोनो झाड़ गये.

उस दिन के बाद हम अक्सर चुदाई का आनंद लेते थे पर एक दिन मेडम की बहेंन घर पर आई थी मुझे पता नही था ओह पीच्चे से मेडमके जैसे दिखती थी मैं सूब के टाइम मेडम के घर पोहचा और मेडम समझ के उनकी बहेंन को पीच्चे से बाहो मे भर लिया उनकी बहेंन जोर से चिल्लाई मैं घबरा गया उतने मे मेडम आ गयी उनकी बहेंन ने मेडम से कहा तुम्हारे स्टूडेंट को बिल्कुल तमीज़ नही है मेडम ने पूछा क्या हुवा तो उनकी बहेंन बोली इसने पीछे से मेरे बूब्स दबाये ओर अपना लॅंड मेरी गांड मे डालना चाहता था मेडम ने पूच्छ क्यू रमन ऐसा क्यू किया

मैने ग़लती से कह दिया मेडम आपको समझा मैने इनका बूब्स दबा दिया मेडम बोली रमन ये क्या बोल गये तुम मेडम की बहेंन ने पूछ लीया ये क्या बोल रहा है क्या हो रहा है ये सब मैं जाने लगा तो मेडम की बहेंन बोली हिलना मत वह और मेडम से पूच्छने लगी क्या तुम दोनो के आपस मे शारीरिक संबंध रहे है मेडम बोली दीदी वो तो उनकी बहेंन बोली हा या ना मेडम बोली हा हा हा क्या करती मैं 10 साल पति के बिना रही हूँ अब बर्दाश नही होता.
ये सुनकर मेडम की बहेंन जिसका नाम रानी था बोली अल्पना अंदर आओ मेडम अंदर गयी और 5मीं बाद अकेले वापस आई और बोली मैं मार्केट जा रही हू दीदी ने तुम्हे अंदर बुलाया है जो बोलेगी वही करना.                        “Holi Mein Chudai Ka Dukh”