हुस्न की परी की चूत से अपने लंड का मिलन कराया

(Husn Ki Pari Ki Chut Se Apne Land Ka Milan Karaya)

हैल्लो दोस्तों, मेरा नाम राज है. एक लड़की से कुछ दिन चैट करने के बाद बड़ी मुश्किल से उसने अपना फोन नंबर और टाईम दिया और कहा कि तुम जहाँ बुलाओगे में आ जाऊँगी. उसने मुश्किल से फोन नंबर इसलिए दिया था कि वो डरती थी कि में कोई गलत आदमी तो नहीं, जो चोदे भी और बाद में ब्लेकमैल करके दूसरो से भी चुदवाए. Husn Ki Pari Ki Chut Se Apne Land Ka Milan Karaya.

मैंने उससे उसका नंबर लिया और चैट करके उसके बाद उससे शाम और पूरी रात का वक़्त लिया. फिर तय वक़्त पर मैंने उसे एक होटल में बुलाया. में नहीं जानता था, वो दिखने में कैसी है? उम्मीद उसके खूबसूरत होने की ज्यादा नहीं थी, तो मैंने सोचा कि कोई साधारण सी लड़की होगी. फिर ठीक वक़्त पर दरवाजे पर नॉक हुआ तो मैंने दरवाजा खोला तो में वही थमकर खड़ा हो गया, क्योंकि दरवाजे पर एक बहुत ही खूबसूरत लड़की खड़ी थी. अब में उसे देखने में खो सा गया था. Husn Ki Pari Ki Chut

फिर वो मुझे खड़ा देखकर बोली कि हैल्लो अंदर नहीं बुलाएँगे. मुझे ऐसा लगा कि जैसे मंदिर की घंटियाँ बज उठी हो, इतनी मधुर आवाज थी कि क्या कहूँ? तो में हड़बड़ा गया और अटकते हुए बोला कि सॉरी आइए, तो वो मुस्कुराई. उसकी मुस्कुराहट माधुरी और मधुबाला को टक्कर दे रही थी, उसका कद करीब 5 फुट 6 इंच था और कमर पतली और रंग गोरा, जैसे दूध में हल्का सिंदूर मिला हो, वो पूरी तरह से हुस्न की देवी थी.

आपको लगता होगा में बड़ा चढ़ाकर कह रहा हूँ, मगर में सच कह रहा हूँ, उसे जो भी देखे वो उसे वहीं लेटाने की सोच ले. फिर वो बला की हसीन युवती शरमाती और संकोचती रूम में सोफे पर आकर बैठ गई. अब उसकी शर्म स्वाभाविक थी, क्योंकि वो एक अजनबी के साथ उसके रूम में पहली बार चुदने आई थी. गालों पर हल्की शर्म की लाली, होंठो पर कम्पन, जिस्म थरथराता, वाह क्या नज़ारा था?

फिर में जाकर उसके सामने बैठ गया. फिर कुछ देर तक हम दोनों खामोश बैठे रहे. फिर एक दूसरे को देखते हुए मैंने पहल की और हाए हैल्लो शुरू की. फिर हाए हैल्लो के बाद मैंने उससे ड्रिंक के लिए पूछा तो उसने कहा कि में नहीं पीती. Husn Ki Pari Ki Chut

मैंने कहा कि लाईट ले लो, थोड़ी शर्म भी दूर हो जाएगी तो उसने हिचकिचाते हुए हाँ कर दी. फिर हमने ड्रिंक के दौरान बातें करनी चालू की. फिर हमने करीब 1 घंटे तक बातचीत की. अब उस बीच हम दोनों दो-दो पैग ले चुके थे. फिर उसके बाद मैंने उस रूप की रानी को अपने पास खींचा, तो वो शरमाती हुई मेरे पास आई. फिर मैंने उठकर उसको एक हल्का सा किस किया और उसे अपने आगोश में ले लिया. में उस वक़्त की फिलिंग क्या बताऊँ? ऐसा लगा जैसे में हवा में उड़ रहा हूँ. फिर में उसे वही खड़े-खड़े चूमने लगा, तो उसने कुछ नहीं कहा.

फिर मैंने उसे अपनी बाँहो में उठाया और बेड पर ले गया और फिर वहाँ उसे नाज़ुक फूल की तरह उसे बेड पर लेटाया और उसके पास ही में भी लेट गया. फिर हम दोनों ने एक दूसरे को चूमना चालू किया. फिर मैंने एक लंबा लिप किस चालू किया और किस करते-करते अपने एक हाथ को उसके गले से फैरता हुआ अपनी मंज़िल यानि कि उसके एक बूब्स पर ले आया, उसकी चूची सख़्त पत्थर सी थी. Husn Ki Pari Ki Chut

काफ़ी देर तक किस करने के बाद मैंने उसे अलग किया, वो सलवार सूट पहने हुई थी. फिर मैंने उसकी कुर्ती उतारी तो मैंने देखा कि वो थोड़ा डर रही थी. फिर मैंने पूछा तो उसने बताया कि ये उसका फर्स्ट टाईम है. तो में चौक गया, क्योंकि उसने इंटरनेट पर चैट करते हुए कहा था कि वो पहले चुदा चुकी है. उसने वो झूठ क्यों बोला था? यह में समझ नहीं सका था, लेकिन अब मेरा जोश डबल हो गया था, क्योंकि अब में एक कुँवारी चूत चोदने वाला था. उसने अंदर वाईट कलर की ब्रा पहनी थी, उसके बूब्स ब्रा में नहीं समा रहे थे. Husn Ki Pari Ki Chut

फिर मैंने उन पर अपना हाथ लगाया तो वो मक्खन से सॉफ्ट थे तो मुझसे बर्दाश्त नहीं हुआ तो मैंने ज़ोर से उसके बूब्स मसल दिए. तो उसके मुँह से सिसकी निकली, आह प्लीज धीरे. फिर मैंने अपने हाथ पीछे ले जाकर उसकी ब्रा भी खोल दी. अब संगमरमर से तराशे दो खूबसूरत फूल बेपर्दा हो गये थे. Husn Ki Pari Ki Chut

काफ़ी देर तक मसलने, चूसने के बाद में अपना एक हाथ उसके सलवार के नाड़े पर ले गया और धीरे से उसे खोल दिया. अब वो मदमस्त थी और मदहोश थी, उसे नाड़ा खोलने का पता भी नहीं लगा था. फिर जब में उसे उतारने लगा तो उसने मेरा हाथ पकड़ लिया और बोली कि प्लीज लाईट तो बंद कर दो. फिर मैंने कहा कि अंधेरे में प्यार का मज़ा नहीं आता है, अपनी पहली चुदाई को इन्जॉय करो, ये लम्हें वापस नहीं आएँगे, पहली बार का मज़ा ही कुछ और होना चाहिए, लोग सुहागरात मनाते है तुम सुहाग दिन मनाओ.

फिर मैंने उसकी सलवार उतारने के बाद उसकी पेंटी भी उतार फेंकी, मैंने कई लड़कियों को चोदा था, मगर ऐसी चूत किसी की नहीं थी, उससे पहले सबकी या तो काली या कम काली चूत ही चोदने को मिली थी. उसकी चूत बिल्कुल गोरी, हल्की लालिमा लिए थी बिना बालों की चिकनी, गोरी चूत देखकर मेरा लंड बुरी तरह से फनफनाने लगा था. Husn Ki Pari Ki Chut

फिर मैंने भी अपने कपड़े खोल दिए, क्योंकि मेरे लंड को अंडरवियर में क़ैद रखना नामुमकिन था. फिर मैंने उसकी चूत चाटना चालू किया तो में जैसे सब भूल गया. फिर 10 मिनट के बाद जब उसने अपना पानी छोड़ा, तो मैंने अपना मुँह झटके से हटाया. फिर मैंने उससे अपना लंड चूसने को कहा. तो उसने जैसे ही मेरा लंड अपने हाथ में लिया, वाउ मज़ा आ गया था.

अब वो मेरे सुपाड़े को ही अपने मुँह में ले पाई थी और उसे धीरे-धीरे चूसने लगी थी. फिर 5 मिनट के बाद बर्दाश्त ना होने पर मैंने उसे हटा दिया. फिर मैंने उसे सीधा लेटाया और एक तकिया उसकी मुलायम और ठोस गांड के नीचे लगाया.

अब क्रीम तो थी नहीं. फिर मैंने अपना थूक उसकी चूत और अपने लंड पर लगाया और निशाना बाँधकर अपने लंड से ज़ोर का एक धक्का दिया तो मेरा लंड कोई 2 इंच उसकी चूत में समा गया और वो उछल पड़ी. अब उसके मुँह से चीख निकली गई थी ऊई माँ में मर गई. फिर मेरे द्वारा उसके बूब्स सहलाने, लिप किस करने पर उसे थोड़ा आराम मिला. वैसे वो हिम्मत वाली थी. Husn Ki Pari Ki Chut

अब उसकी आँखों में से आँसू आ गये थे, मगर उसने एक बार भी नहीं कहा कि बाहर निकाल लो. अब उसकी चूत पानी छोड़ने से अंदर से गीली थी इसलिए मुझे बहुत ज्यादा मेहनत तो नहीं करनी पड़ी थी, मगर उसे दर्द बहुत हो रहा था.

मुझे अपना पूरा लंड डालने में करीब 5 मिनट से ज्यादा लगे. अब में धीरे-धीरे हिलने लगा था, मेरा लंड अभी भी उसकी चूत में फँसा हुआ था और फिर 2 मिनट में उसने फिर से अपना पानी छोड़ दिया था, जिससे मेरी राह और आसान हो गई थी. अब मेरा लंड आगे पीछे होने लगा था और अब में धीरे- धीरे अपनी स्पीड को बढ़ाते हुए उसे चोदने लगा था. अब में आपको बता देता हूँ कि मैंने गोली खाई थी, ताकि मेरा पानी जल्दी ना निकले. अब उसे भी बहुत मज़ा आ रहा था और अब में तो जैसे जन्नत में था.

फिर लगभग 5 मिनट तक धीरे-धीरे धक्के देने के बाद मैंने अपनी स्पीड फुल कर दी. अब पलंग ज़ोर- जोर से हिलने लगा. अब पूरे कमरे में चुदाई का संगीत बजने लगा था. अब कोई रूम के बाहर से भी हमारी आवाजे सुन सकता था, इतनी आवाज़े आ रही थी, क्योंकि उसकी जांघे भारी-भारी और कठोर थी. फिर उसकी पहली चुदाई आधे घंटे से ज़्यादा चली.

अब हम दोनों थककर निढाल हो गये थे. फिर करीब 20 मिनट के बाद में उठा और उसे एक पैग बनाकर दिया और खुद भी पीने लगा. फिर हमने डिनर मँगवाया और फिर डिनर के बाद वापस से चुदाई का नया दौर चला. इस बार उसने पूरा जोश दिखाया था और मेरा भरपूर सहयोग दिया था. फिर उस पूरी रात में मैंने 4 बार और लंड से चूत का मिलन करवाया. Husn Ki Pari Ki Chut