मामा माँ को चोद रहे थे बिलकुल रांड के जैसे-1

(Mama Maa Ko Chod Rahe The Bilkul Randi Ke Jaise-1)

बात उस समय की है जब मेरा कॉलेज में दाख़िला हुआ दिल्ली यूनिवर्सिटी में , हम लोग गोरखपुर के रहने वाले हैं। दिल्ली में हमारे एक मुँह बोला मामा रहता था जिसका नाम था अर्जुन , तो मुझे दिल्ली तक छोड़ने के लिए मेरी माँ जिसका नाम कामिनी हैं वो गयी क्यूँकि मेरे पापा को कुछ काम था गोरखपुर मैं और वो जा ना सके। Mama Maa Ko Chod Rahe The Bilkul Randi Ke Jaise.

मैं और मेरी माँ पहली बार अर्जुन मामा के घर पर कुछ दिन तक रहने गए जब तक मुझे हॉस्टल ना मिल जाए। मेरी माँ कामिनी की उम्र क़रीब 46 साल थी , उम्र होने के बावजूद वो काफ़ी सुंदर थी , गोरी , गोल गोल गाल , हाइट क़रीब 5’3” और स्तन गोल पर ज़्यादा बड़े नहीं पर किसी आदमी के हाथो में आराम से समा जाएँगे. उनका सरिर किसी भी आदमी के मन को बहका देने के किए काफ़ी था। मेरे मुँह बोले मामा अर्जुन का उम्र भी क़रीब 50 था , वो पहले आर्मी में थे अब , उनके पत्नी का देहांत हो चुका था और वो अभी दिल्ली में ख़ुद के घर में अकेले रहते थे ।

आप को तो पता ही है आर्मी के जवान कितने लम्बे और स्वस्थ होता है, उनका तन भी कुछ ऐसा ही था। मुझे और मारे माँ को मामा के घर गए हुए 2 दिन हुए थे, मेरी माँ उन्हें अपना भाई ही मानती थी बचपन से , सो पूरा घर का काम अपने ऊपर ले लिए जैसे खाना पकाना वगेरा। पर मुझे मामा के नज़रों में कुछ ठीक नहीं लगा , जिस तरह वो मेरी माँ को देख रहे थे जैसे कोई शेर अपने शिकार को देखता हो। मैंने फिर भी इस बात को नज़रंदाज़ किया ।

एकदिन सुबह माँ नहा के बाहर निकली , उनके बाल खुले हुए थे , उन्होंने पिले रंग की सारी और लाल रंग का ब्लाउस पहना था उनकी नाभि दिख रही थी.. सच पूछो तो बहुत ही ख़ूबसूरत दिख रही थी वो.. वो पूजा देने पूजा के रूम में गयी तो मैंने देखा की मामा भी पीछे पीछे गए। और अर्जुन मामा ने माँ को पीछे से जाकर लिया और हाथ सीधे उनके बूब्ज़ या स्तन पे रख दिए । माँ घबरा गयी और उन्हें ज़ोर से धक्का दिया । मैं वहाँ से भाग गया ताकि माँ या मामा मुझे देख ना ले । नहीं तो यह उनके लिए बहुत शर्म की बात होती । “Mama Maa Ko Chod”

मुझे मामा के नियत का पता चल चुका था, वो मेरे माँ को हासिल करना चाहते थे , पर मेरी माँ क्या चाहती थी मुझे मालूम नहीं था । उस दिन पूरे घर में एक अजीब सा सन्नाटा था , हम सब चुप थे , कोई किसे से नज़रें नहीं मिला रहा था.. उस रात को मैं जल्दी सोने का नाटक किया और लेट गया , पर मुझे नींद कहा आ रही थी मैंने सुबह ही अपने माँ को किसी ग़ैर मर्द की बाँहों में देखा था । रात के क़रीब एक बजे मैंने मामा को माँ की कमरे की ओर जाते देखा ,उन्होंने थोड़ा नशा भी किया था पर ज़्यादा नहीं । “Mama Maa Ko Chod”

माँ के रूम में जाते ही उन्होंने माँ को उठाया. माँ बोली – “यहाँ क्या कर रहे हो निकलो यहाँ से, तुमने सुबह जो किया उसके बाद अपनी सकल दिखाने की हिम्मत कैसे हुई?”

मामा – “ कामिनी बहन बुरा मत मानो , मैं बहुत अकेला हूँ , तुम्हें सुंदरता देख के मुझसे रहा नहीं गया, मैं तुम्हारे बिना रह नहीं सकता “

माँ – “ जो किया सो किया , आब निकलो मेरे कमरे से मेरे लड़के सोनू को पता चला तो बहुत बुरा होगा । मैं तुम्हें अपना भाई मानती हूँ इसी बिस्वस से आयी हूँ , तुमने ऐसा किया यह अगर मेरे घर वालों को पता चले तो बहुत ही शर्म की बात होगी मेरे लिए “। “Mama Maa Ko Chod”

मामा – “ तुम्हें पाने के और भी तरीक़े आते है “

माँ – “ ग़ुस्सा मत दिलाओ , किस तरीक़े की बात कर रहे। हो ?

मामा -“ अगर तुम्हारे पति को कहूँ की हम भाई बहन नहीं है और तुम यहाँ मेरे साथ मस्ती के लिए आयी हो , तो वो तमहरि बात कभी नहीं मानेगे ,साथ में मैंने सुबह जो हुआ उसका एक विडीओ भी निकला वो भी भेज दूँगा “

माँ “ किस जनम का बदला ले रहे हो मुझसे?”

मामा “ बदला नहीं यह तो प्यार है , मैं तुम्हारे रज़ाई के में। घुसूँगा अभी , शोर मत करना नहीं तो सोनू जाग जाएगा “

यह बोल के मेरे माँ के रज़ाई में मामा घुस गए , माँ ने उन्हें धकेल ने की कोशिस की पर उन्होंने सुबह का विडीओ अपने मोबाइल पर चला के माँ को चुप रहने के लिए मजबूर कर दिया ।

मामा बोले – कामिनी मैं आज रात तुम्हें कुछ नहीं करूँगा सिर्फ़ कुछ बातें और कुछ नहीं , तुम्हें मैं बहुत सालों से देख रहा हूँ ,तुम्हें पाने की चाहत बहुत दिन से थी। तुम अगर मेरी बात माँ के मेरा साथ दो तो सोनू को दिल्ली में कोई तकलीफ़ नहीं होगी वो मेरे घर में रह सकता है और मैं तुम्हारे पति को कुछ गंदा नहीं बोलूँगा “ “Mama Maa Ko Chod”

माँ बोली – मेरी उम्र हो गयी है ,मुझे प्लीज़ छोड़ दो ।

मामा बोले – उम्र क्या है ,इतनी ख़ूबसूरत हो ,अभी तक बच्चा पैदा करे की उम्र भी नहीं गुज़री , और मज़े करने कि कोई उम्र नहीं होती ! मेरी बात मान लो इसी में तुम्हारा फ़ायदा है । मैं ज़ोर ज़बरदस्ती नहीं करना चाहता, तुम सोचो बाद में मज़े करेंगे ।

यह बोल के मामा रूम से चले गए , सुबह हुई माँ घबरायी हुई दिखी , मुझे सब मालूम था पर मैं चुप था ।

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मैं सुबह यूनिवर्सिटी चला गया , और माँ के रूम में एक स्पाई कैमरा लगा दिया जिसका टेलेकैस्ट मेरे मोबाइल पे होता । पर जाते वक़्त मैंने माँ को बोला अगर कोई भी प्रॉब्लम हो तो मुझे तुरंत फ़ोन करे मैं आ जंग । मेरे जाते ही माँ और मामा घर में अकेले , मामा ने दरवाज़ा लगा दिया और माँ की तरफ़ चले। माँ उनको देखते ही घबरा गयी । “Mama Maa Ko Chod”

मामा बोले – काल रात मैंने छोड़ दिया पर मुझसे और बर्दाश्त नहीं होता , कामिनी मैं तुम्हें चोदना चाहता हूँ अभी ।

मुझे पता है तू भी मेरा साथ सोना चाहती है इसीलिए अपने बेटे को कुछ नहीं बताया ।

माँ – छी ।इतनी गंदी बात बोलते शर्म नहीं आयी ? किस मुँह से बताती ? की मेरा भाई मेरे साथ यह सब….

मामा – कैसी शर्म , सेक्स में मुझे गंदी बात करने में मज़ा आता है । वैसे भी हम असली भाई बहन नहि हैं। जाओ चुप चाप काल वाली सारी और ब्लाउस पहन लो उसमें ग़ज़ब दिखती हो तुम , नहीं तो मैं…..

माँ बोली – ठीक है ऐसा मत करो… जो बोलोगे वही करूँगी पर किसी को कुछ मत बोलना।

फिर माँ वही पिली सारी और लाल ब्लाउस पहन के आयी , आज वो और ख़ूबसूरत दिख रही थी दोनो स्तनो का उभार साफ़ दिख रहा था । भारतीय नारी सारी मे ही सबसे सेक्सी दिखती है। ऐसा लग रहा था माँ के मनमें भी कुछ चल रहा था । शायद उन्हें भी सेक्स की ज़रूरत थी… इसीलिए ना चाहते हुए भी मान गयी । मैंने भी इसीलिए कुछ नहीं बोला। “Mama Maa Ko Chod”

मामा ने माँ को बोला कामिनी अपनी सारी उतर दो और बेड पे बैठो , तुम इतनी हॉट लग रही हो की तुम्हें देखते ही लण्ड लोहा बन गया।

माँ हिचकिचायी पर मामा के डर से सारी उतर दी । सारी उतरते ही मामा मेरे माँ के ऊपर झपट परे और उन्हें किस करने लगे ।

बोले – “ कामिनी मैं तुम्हें बहुत सालों से चोदना चाहता था , आज मेरी इच्छा पूरी होगी , आज मैं तुम्हारी तीनोतरफ़ से लूँगा ।

यह सुनते ही माँ डर गयी , बोली “ छी । इतना गंदा गंदा काम मत करो “ ।