मोहित को मिली मस्त चूत

Mohit ko mili mast chut

मेरा नाम मोहित है और मैं पूना का रहने वाला हूँ…

आज मैं आपको अपनी सच्ची कहानी बताने वाला हूँ, उससे पहले मैं आपको अपने बारे मैं बता दूँ।

मैं 6 फीट लंबा हूँ और मेरा रंग गोरा है। दिखने में भी मैं काफ़ी खूबसूरत हूँ और मेरे लण्ड का साइज़ भी बड़ा है…

मेरी कहानी शुरू हुई मुंबई में, जब मैं छुट्टियों में मेरे अंकल के घर जाया करता था, मेरे अंकल को एक लड़का और एक लड़की है।

लड़के का नाम रोहित है और लड़की का रोहिणी। रोहिणी और मैं बहुत अच्छे फ्रेंड भी हैं, वो मुझसे हर बात शेयर करती है, जितना रोहित से नहीं करती।

एक बार मैं ऐसे ही पाँच दिनों के लिए गया था, जाने के बाद पता चला कि रोहित और अंकल गोवा गये थे…

आंटी बोलीं – अच्छा हुआ आ गया तू। अब घर पर कोई तो आदमी है, जो बाहर के काम करेगा।

मैंने भी कहा – आंटी मैं हूँ ना, मुझे कम बताया करो!!

उनके घर में दो बेड रूम और किचन था, जाते ही रोहिणी खुश हो गई।

फिर मैं फ्रेश हो कर बात करने के लिए बैठ गया। उस दिन शाम तक मैं थक गया था, इसलिए जल्दी ही सो गया।

अंकल घर पर नहीं थे, इसलिए सब देर से उठे। मैं जब उठा तब आंटी बाहर से कुछ सब्जी लाने के गईं थी…

मैं उठ कर रोहिणी के बेडरूम की तरफ गया, तब वो सो रही थी। उसको देख कर मैं पागल हो गया!!

उसकी मैक्सी ऊपर तक, मतलब जांघों तक सरकी हुई थी। मैं पास जाकर देखने लगा, उसकी वो गोरी जांघें कि तभी रोहिणी ने आँख खोली…

मैंने तुरंत उसके ऊपर चादर डालने का नाटक किया, उसने मुझे हंसते हुए गुड मॉर्निंग कहा। मैंने भी – गुड मॉर्निंग कहा और बाथरूम में जाकर मुठ मार दिया।

फिर नहा कर मैं जाकर टीवी देखने लगा पर मुझे बार बार रोहिणी की टाँगें नज़र आने लगीं। मैं वहाँ से उठा और फिर देखने के लिए गया कि रोहिणी क्या कर रही है!!

वो नहाने गई थी, मैं वापस आकर फिर टीवी देखने का नाटक करने लगा। जब रोहिणी नहा कर बाहर आई, तो बेडरूम में चली गई, मैं चुपके से देख रहा था कि वो कपड़े बदल रही है…

वो सिर्फ़ पैंटी और ब्रा में थी!! मैं कुछ ढूँढने के बाहने अंदर चला गया और जाकर उसके सामने रुक गया। उसे देख के सॉरी बोल कर बाहर आ गया। क्या लग रही थी वो!! ऐसा लग रहा था, वहीं पर उसको चूमने लगूँ।

रोहिणी कपड़े बदल कर किचन में जाकर, कुछ नाश्ता बनाने लगी और हम दोनों खाने लगे। मेरी नज़र उसके बूब्स पर थी… उसने एक दो बार मुझे टोका भी – तुम्हारा ध्यान किधर है? लेकिन मैंने मज़ाक में टाल दिया।

फिर दोपहर में हम घूमने चले गये। उस दिन आंटी ने कहा कि वो किसी रिश्तेदार के पास जाने वाली हैं और शाम तक आ जाएँगी… मैंने कहा – ठीक है।

फिर आंटी चली गईं और हम दोनो दिन भर बात करते रहे, बातें करते करते शाम हो गई, तभी आंटी का फ़ोन आया कि वो आज रात वहीं रुकेंगीं!! मैं बहुत खुश हो गया। अब मौका तो मिलगा, ट्राई करने का…

ख़ान खाने के बाद हम टीवी देखने लगे। एक मूवी चल रही थी, उसमें किस का सीन आया तो हम दोनों शरमा गये।

मुझे लगा, यही मौका है!! !!!

मैंने उससे पूछा – तुमने किसी को किस किया है?

उसने कहा – नहीं। और फिर उसने मुझे पूछा…।

मैंने भी कहा – नहीं।

थोड़ी देर रुककर मैंने कहा – करना चाहोगी???

उसने गुस्से से मेरी तरफ़ देखा, मैं डर गया और वो हंस के बोली – पागल, कुछ भी मज़ाक करते हो!!

मैंने कहा – करेंगे तो कैसे होता है, पता चल जाएगा!!

वो बोली – नहीं, तुम मेरे भाई हो।

मैंने कहा – किसी को पता नहीँ चलेगा… तब वो तैयार हुई।

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मैं तो बहुत गरम था और आंटी भी नहीं आने वाली थीं, ये मौका बहुत अच्छा था। मैंने पास जाकर उसके होंठ पर अपने होंठ रखे और किस करने लगा!!

उसने मुझे धकेल दिया और बोली – किसी ने देख लिया तो?

मैंने कहा – मैंने दरवाजा और खिड़की लगा दी है और घर पर सिर्फ़ हम दोनों है।

मैं फिर से उसे चूमने लगा। चूमते हुए, मैं उसके बॉल दबाने लगा… वो ज़ोर ज़ोर से साँसें लेने लगी और रुक गई और बोली – मेरे बूब्स को हाथ मत लगाओ, मुझे कुछ अलग ही महसूस हो रहा है।

मैंने कहा – अरे, कुछ नहीं होता… उसे फिर से पकड़ में लिया और चूमने लगा, चूमते हुए मैंने मेरा हाथ उसके पैंटी में डाला और उसकी चूत के ऊपर से हाथ फेरने लगा, वो बहुत ही गरम हो गई थी!! !!!

इधर मेरा लण्ड बहुत बड़ा हो गया था, पैंट में रह नहीं पा रहा था। मैंने उसका हाथ मेरे लण्ड पर रख दिया।

वो लण्ड को हाथ लगते हुए बोली – ये क्या है?

मैंने कहा – मेरा लण्ड है!! तो वो दिखाने के लिए बोली…

मैंने कहा – बेडरूम में चलो…

बेडरूम में जाते ही, मैंने मेरे सब कपड़े निकल दिए। वो मेरे लण्ड को देखते ही रह गई। फिर मैंने पास जाकर उसके हाथ में दिया और मुँह में लेने के लिए कहा।

उसने नहीं कहा तो मैंने उसको अपने कपड़े उतारने के लिए कहा। उसने झट से अपने कपड़े उतार दिए और मेरे सामने नंगी हो गई।

मैं उसके बोबे चूसने लगा और वो और पागल हो गई… मैं १० मिनट तक उसके चुचे चूसता रहा।

फिर नीचे जाते जाते चूत पर आया और उसकी टांगें फैला कर चाटने लगा, वो एकदम पागल हो गई!!

उसी हालत में मैंने मेरा लण्ड उसके मुँह में दे दिया और वो मेरे लण्ड के साथ खेलने लगी, चाटने लगी। मुझे ऐसा लगा कि मैं जन्नत में आ गया क्यूंकी ये मेरा भी पहली बार था।

पाँच मिनट चाटने के बाद, मैंने मेरा लण्ड चूत के मुँह पर रखा और धीरे धीरे अंदर डालने की कोशिश करने लगा।

उसकी चूत बहुत ही टाइट थी!! …

फिर मैंने ज़ोर से एक धक्का मारा, उसकी आँखों से आँसू आने लगे… मैंने फिर से एक धक्का मारा, वो और ज़ोर से चिल्लाई।

लेकिन मैं और ज़ोर ज़ोर से धक्के मारने लगा। बाद में वो भी मज़े लेने लगी!!

मैंने स्पीड बड़ाई और मेरा माल अंदर ही छोड़ दिया और हम दोनों शांत हो गये।

अब हम जब भी मिलते है, सेक्स कर लेते है…

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