सोनम के बूब्स देख कर चोदने का प्लान बनाया

(Sonam Ke Boobs Dekh Kar Chodne Ka Plan Banaya)

Hindi Sex Story मेरा नाम गौरव है. में मथुरा का रहने वाला हूँ और में पिछले तीन सालो से इस हॉट सेक्स स्टोरी का पाठक हूँ और मैंने सोचा कि में मेरे साथ घटी हुई एक सच्ची घटना आप सभी से शेयर करूं.. अब आपका ज़्यादा टाईम ना लेते हुए में सीधा अपनी स्टोरी पर आता हूँ.. यह कहानी थोड़ी लंबी है.. लेकिन में उम्मीद करता हूँ कि यह आप सभी लोगों को बहुत पसंद आएगी. Sonam Ke Boobs Dekh Kar Chodne Ka Plan Banaya.

में मथुरा के एक प्राईवेट डिग्री कॉलेज में लेक्चरार हूँ और मुझे इस नौकरी पर 2 साल हुए.. मेरी उम्र 27 साल है और में दिखने में बहुत अच्छा लगता हूँ जो कि मेरे दोस्त मुझसे कहते है. मुझे जिम जाने का बहुत शौक है क्योंकि मेरा शरीर बहुत अच्छा है और में फिज़िक्स पढ़ाता हूँ. में जिस क्लास में पढ़ाता हूँ उस क्लास में करीब 35 लड़के और 22 लड़कियाँ है और कॉलेज के बाद में अपने घर में प्राईवेट क्लास लेता हूँ.

सोनम नाम की एक लड़की मेरी क्लास में थी और वो दिखने में बहुत ही खूबसूरत थी. उसकी उम्र 21 या 22 होगी.. फिगर 36-30-34 है.. वो दिखने में एकदम सेक्सी, गोरी थी. में पहले उसे कभी बुरी नज़र से नहीं देखता था.. लेकिन हमारे कॉलेज के पहले साल के इंटरनल टेस्ट के बाद मुझे पता चला कि कॉलेज के कई बच्चे फिज़िक्स में फैल हो गए है.. लेकिन मेरी क्लास के बस 4 या 5 बच्चे ही फैल हुए थे और उनमें से सोनम भी थी और सब को पता है कि में बहुत अच्छा फिज़िक्स पढ़ाता हूँ. तो सोनम एक दिन आई और बोली कि सर मुझे कुछ भी करके इस सब में पास करा दो और इसके लिए में कुछ भी करने के लिए तैयार हूँ. उस दिन वो सफेद कलर की एक टाईट शर्ट और एक जिन्स पेंट पहन कर आई थी.. जिसमें उसकी मस्त कमर दिख रही थी और शर्ट टाईट होने के कारण बूब्स भी ऊपर उठ गए थे.

फिर जब वो बातें करते हुए मेरे सामने झुकी तो उसके बड़े बड़े बूब्स को देखकर मेरी नियत खराब होने लगी और मेरा लंड पेंट के अंदर छटपटाने लगा. फिर मैंने तब सोचा कि इसे घर बुलाता हूँ और फिर इसका फायदा उठता हूँ और मैंने उससे कहा कि तुम एक काम करो.. मेरी कोचिंग में तो बहुत ज्यादा बच्चो का कोर्स चल रहा है तो में तुम पर ज्यादा ध्यान नहीं दे सकता तो तुम रात को मेरी क्लास खत्म होने के बाद 9 से 11 बजे तक मेरे घर पर आया करो और मैंने उस दिन उसके घर जाकर उसके पिताजी से भी बात कर ली. मैंने उस दिन उसकी कमर और बूब्स को सोचकर 3 बार मुठ मारी और अब वो रोज मेरे घर आया करती थी और में उसे पढ़ाया करता था. में उस पर चान्स मारना चाहता था.. लेकिन इधर उधर हाथ लगाने के सिवाए और कुछ आगे हो नहीं पा रहा था.

एक दिन जब सोनम मेरे घर आने वाली थी तो मैंने जानबूझ कर अपने रूम का दरवाजा खुला छोड़ दिया और अपने कंप्यूटर पर ब्लू फिल्म लगाकर थोड़ी ज़्यादा आवाज खोलकर फिल्म देखन लगा और में अपनी पेंट उतार कर लंड को हिला रहा था. तभी सोनम अंदर आई और मुझे ढूंडते हुए मेरे कमरे तक आ गई और उसे कुछ अजीब सी आवाज़े सुनाई दी तो उसने थोड़ा दरवाजे को खोला और देखने लगी. में उसे सामने दीवार पर लगे शीशे से देख रह था और वो मेरे 7 इंच के लंड को ही घूर रही थी.. उसका पूरा शरीर अजीब सा होने लगा और वो अपनी चूत सिकोड़ने लगी.. मुझे लगा कि अब उसकी चूत गीली हो गई है और में इसे प्यासा, तड़पता हुआ इस हाल में कुछ ना करूँ तो वो अपने आप मुझसे चुदवाने आएगी और फिर मैंने अपने कंप्यूटर बंद कर दिया और वो झट से दरवाजे से भाग गयी.

तो में 5 मिनट बाद स्टडी रूम में आया और उसे बोला कि मुझे माफ़ करना में सो गया था और मुझे नींद की वजह से थोड़ी देर हो गई. तो उसने कहा कि कोई बात नहीं सर और उसके बाद से उसकी मेरे साथ बातचीत बदलने लगी.. वो दिन ब दिन अपने बदन को मेरे सामने नये नये तरीकों से दिखाने लगी और किसी ना किसी बहाने से मेरे बदन को छूने की कोशिश करने लगी. फिर एक दिन उसने मुझसे पूछा कि सर क्या आपकी कोई गर्लफ्रेंड नहीं है? तो मैंने कहा कि नहीं.. मेरी कोई गर्लफ्रेंड नहीं है. तो उसने मेरी बात पर बिल्कुल भी विश्वास नहीं किया और कहा कि ऐसा हो ही नहीं सकता.. आप दिखने में इतने अच्छे हो तो आपकी कोई गर्लफ्रेंड कैसे नहीं हो सकती? तो मैंने कहा कि मुझे आज तक तुम्हारी तरह कोई खूबसूरत लड़की मिली ही नहीं तो मैंने गर्लफ्रेंड नहीं बनाई. तो वो शरमा गयी और फिर मैंने अब अपना एक हाथ उसकी पीठ पर और दूसरा हाथ जाँघ पर हाथ रख दिया और वो कुछ नहीं बोल रही थी.

फिर उसके जाने के बाद मैंने ठान लिया कि कल शनिवार है और में उसे मौका देखकर चोदकर ही रहूँगा. फिर जब वो आई तो मैंने उसे कहा कि मेरा बदन बहुत दर्द कर रहा है क्या तुम मेरी थोड़ी मालिश कर दोगी? तो वो तुरंत मान गयी.. लेकिन बोलने लगी कि मैंने आज सफेद ड्रेस पहनी है और वो मालिश करने से खराब हो ज़ायगी. तो मैंने उसे बोला कि कोई बात नहीं तुम एक टावल पहन लो और मेरी मालिश कर दो और फिर थोड़ी देर सोचने के बाद वो मान गयी और में अंदर गया और अंडरवियर पहन कर आ गया. फिर वो मेरे पैरों को मालिश कर रही थी और उसके गोरे गोरे जिस्म पर उसकी काली ब्रा की डोरी मुझे साफ साफ दिख रही थी और उसकी गोरी दूध जैसी सफेद जाँघ देखकर मेरा लंड अंडरवियर फाड़कर बाहर आने को बैताब था. वो मालिश करते वक़्त बस मेरे लंड को ही देख रही थी और बार बार अपना एक हाथ उस पर घुमा रही थी. फिर उसने कहा कि सर आपका यह इतना बड़ा क्यों हो रहा है? अभी तो छोटा था. तो मैंने अंजान बनकर पूछा कि क्या? तो वो थोड़ा सा शरमाई.. मैंने बोला कि शरमाओ मत बोलो तुम अभी क्या कह रही थी?

तो वो इशारा करके बोली कि आपका लंड अभी बहुत छोटा था और अब बड़ा ऐसा क्यों? तो मैंने सोचा कि लड़की फंसने लगी है और इसे हाथ से जाने नहीं देना चाहिए और मैंने कहा कि मुझे भी पता नहीं.. ना जाने क्यों तुम्हे देखने के बाद इसमें दर्द भी होने लगा और फिर उसने कहा कि क्या में इसकी भी मालिश कर दूँ? तो मैंने कहा कि ठीक है जैसा तुम्हे अच्छा लगे कर दो. फिर उसने जल्दी से अपने हाथों से मेरी अंडरवियर उतार दी और 5 मिनट तक उसे घूर घूरकर देखने लगी. तो मैंने पूछा कि क्या हुआ क्या इससे पहले कभी नहीं देखा?

तो वो शरमा गई और बोली कि मैंने इससे पहले ब्लू फिल्म में देखा था.. लेकिन इतना बड़ा असली में मैंने कभी नहीं देखा था. फिर में बोलने लगा कि ठीक है देखो और जो करना है करो.. लेकिन इसका दर्द थोड़ा कम करो. तभी वो बोलने लगी कि क्या में इसे मुहं में ले लूँ? तो मैंने बोला कि तुम इसे अपना ही समझो. तो उसने झट से उसे मुहं में ले लिया और ज़ोर ज़ोर से चूसने लगी और में तो जैसे आसमान में उड़ रहा था और इतने में उसका टावल निकल गया.. लेकिन वो लंड चूसने में व्यस्त थी.

फिर कुछ देर बाद मैंने उससे कहा कि तुमने मेरा लंड बहुत चूस लिया.. अब में भी तुम्हारी चूत चूसना चाहता हूँ. तो उसने झट से अपनी ब्रा और पेंटी को उतार कर फेंक दिया और उसके बूब्स ब्रा से बाहर आते ही हवा में झूलने लगे एकदम रसीले आम की तरह और फिर मैंने झट से सीधे बूब्स को मुहं में भर लिया और चूसने लगा.. उसके मुँह से आवाज़ें आने लगी आहह खा जाओ इसे दबाओ और जोर से प्लीज़. फिर में उसकी चूत को भी सहलाने लगा तो वो तड़पने लगी.. मैंने जब उसकी चूत को देखा तो क्या चूत थी..

उसकी चूत पर एक भी बाल नहीं था और हम तुरंत 69 पोज़िशन में आ गए और हम दोनों एक दूसरे को चूमने, चूसने लगे और उसकी चूत दो बार पानी छोड़ चुकी थी और वो बोलने लगी कि सर प्लीज अब मुझे चोद दो और आज चोद चोदकर मेरी चूत फाड़ दो. तभी मैंने उसके दोनों पैरों को मेरे कंधे पर रखा और मेरा लंड उसकी चूत में सेट किया और धक्का जोर का धक्का मारा.. लेकिन लंड बार बार फिसलता रहा और फिर में किचन में गया और थोड़ा देसी घी लेकर आया. “Sonam Ke Boobs Dekh”

तो मैंने थोड़ा घी उसकी चूत पर और थोड़ा मेरे लंड पर लगा लिया और पूरी ताक़त लगाकर एक जोर का धक्का मारा तो इस बार लंड तीन इंच तक चूत के अंदर चला गया और उसकी एक जोरदार चीख निकल गई आअहह मर गई और उसकी आँखों से आंसू निकलने लगे और वो बार बार मुझसे लंड को बाहर निकालने को कह रही थी.. लेकिन मैंने उसकी एक ना सुनी और तेज रफ़्तार से उसे चोदने लगा. उसकी चूत से अब खून निकल रहा था.. 10 मिनट बाद वो भी शांत होकर चुदाई के मज़े लेकर अपनी गांड हिलाकर चुदने लगी और चिल्लाने लगी और ज़ोर से चोदो मुझे फाड़ दो मेरी चूत..

आज मुझे पूरी औरत बना दो आह्ह्ह्ह और जोर से आअहह और आधे घंटे की चुदाई के बाद में उसकी चूत के अंदर ही झड़ गया और में उसके ऊपर ही थककर लेटा रहा. आधे घंटे बाद हम दोनों को होश आया और मैंने घड़ी देखी तो 12 बज चुके थे. फिर मैंने उसके पापा को फोन करके बोल दिया कि आज परीक्षा की तैयारी के लिए पूरी रात पढ़ाई होगी और कल सुबह में खुद ही उसे घर पर छोड़ दूँगा और वो राज़ी हो गये. “Sonam Ke Boobs Dekh”