दोनों बहनों की कामकथा – [Part 3]

Do bahno ki kamkatha-3

मैंने सोचा अगर में इसके साथ नहाने लगी तो कहीं मेरी लेस्बियन की इच्छा और ना बढ़ जाये और में कुछ ग़लत ना कर बैठूं इसलिये मैंने उससे कहा मुझे अभी नहीं नहाना, पहले तू नहा ले, में बाद में नहा लूँगी, लेकिन वो तो आज पूरे मज़े के मूड में थी. उसने शॉवर और तेज कर दिया और में बुरी तरह भीग गई. मैंने शॉवर उससे छीन लिया और बंद कर दिया और बाथरूम से बाहर जाने लगी, लेकिन आईना ने कहा कि अरे अब इतना भीग गई है तो पूरा ही नहा ले, क्यों नखरे कर रही है. बहुत दिनों बाद हम दोनों एक साथ नहायेंगे, मैंने भी सोचा जब में भीग ही गई हूँ तो पूरा ही नहा लूँ, लेकिन मुझे अपनी हरकतों पर कंट्रोल करना होगा.

फिर मैंने अपना टॉप उतारा और मेरे बूब्स भी बाहर आ गये. मेरे बूब्स आईना से बड़े थे और फिर मैंने अपने शॉर्ट्स भी उतार दिए और में भी पेंटी में आ गई. मेरी पेंटी पहले से ही भीगी हुई थी. आईना ने शॉवर फिर से चालू कर किया और कभी पानी अपनी और तो कभी मेरी और करने लगी. फिर वो मुझसे बोली कि आईशा मुझे मेरी पीठ पर साबुन लगा दे, कई जगह मेरा हाथ नहीं पहुँचता है.

में मुस्कुराई और बोली चल घूम, फिर में उसकी चिकनी पीठ पर साबुन लगाने लगी. इस बीच मेरा हाथ कई बार उसके बूब्स की साईड से भी टकराया. हम जब पहले नहाते थे तो तब हम दोनों इतने छोटे थे कि हमारे बूब्स उगे तक नहीं थे और अब दोनों के बूब्स अच्छे बड़े थे और ज्यादा मेरे थे. फिर आईना अचानक घूम गई और मेरे हाथों से अपने बूब्स पर साबुन लगवाने लगी, मुझे भी उसके बूब्स को छूने में मज़ा आ रहा था. इसलिये में उन पर साबुन लगाती रही.

फिर आईना ने मुझसे साबुन लेकर कहा कि लाओ अब में तेरे को भी साबुन लगा दूँ और फिर उसने साबुन लगाने की शुरुवात मेरे बूब्स से की, लेकिन वो बूब्स को साबुन लगाते-लगाते मसल रही थी और वो मेरे बूब्स के अलावा कहीं साबुन लगा ही नहीं रही थी. फिर वो अचानक बोली आईशा एक बात बता कि उस दिन जब वो आदमी तेरे बूब्स को मसल रहे थे तब तुझे कैसा लग रहा था. मैंने कहा फिर वही बात, मैंने कितनी बार तुझे समझाया कि भूल जा उस बात को, तो वो बोली कि नहीं प्लीज़ बता तो तुझे कैसा लगा? में थोड़ा उस सवाल से सकपका गई कि यह क्या पूछ रही है? और इसका में क्या उत्तर दूँ, लेकिन फिर मैंने कहा ऐसा लग रहा था कि में जानवरों के बीच में फंस गई हूँ और वो मुझे नोच रहे है. वो बोली सच? मैंने कहा हाँ सच.

फिर वो बोली अच्छा एक बात बताऊँ, मैंने कहा हाँ बता. तो वो बोली तू ग़लत मत समझना, लेकिन मुझे उस समय मेरे साथ जो हुआ वो बहुत बुरा लग रहा था और कई दिनों तक लगता रहा, लेकिन अब पता नहीं क्यों मुझे वो सब अच्छा लग रहा है. मैंने कहा तू पागल हो गई है. उसके हाथ अभी तक मेरे बूब्स पर ही चल रहे थे, वो बोली हो सकता है में पागल हो गई हूँ. फिर उसने मेरे बूब्स को हल्का हल्का दबाना शुरू कर दिया मैंने उससे पूछा कि तू यह क्या कर रही है तो वो बोली कि तुझे प्यार करने का मन कर रहा है. मैंने कहा हट पागल है तू तो वो बोली हो सकता है, लेकिन तू तो मेरी बड़ी बहन है, तू मेरी परेशानी समझ सकती है.

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अभी तक उसके हाथ मेरे बूब्स को दबा रहे थे और में उसके हाथ अपने बूब्स से हटा नहीं रही थी. इससे उसको और बढावा मिल रहा था और कहीं ना कहीं जो हो रहा था वो मेरे भी मन में था, लेकिन में ऐसा करना नहीं चाह रही थी, लेकिन आईना तो सब कुछ भूल कर बेशर्म बन गई थी. मैंने उससे कहा तुझे तो डॉक्टर को दिखाना पड़ेगा और में हल्का सा मुस्कुरा दी और मेरे मुस्कुराने को वो समझ गई कि मेरे मन में भी वो ही है जो उसके मन में है. अब वो मेरे बूब्स को छोड़ मुझसे लिपट गई और हम दोनों के बूब्स आपस में चिपक गये.

मेरा पूरा बदन थरथरा उठा और फिर में भी अब उत्तेजित हो गई. मैंने आईना का चेहरा अपनी और किया और उसकी आँखों में देखा और फिर उसके होठों को अपने होठों से चूम लिया. फिर बाकी काम उसने किया, वो मेरे होठों को चूसने लगी. कभी नीचे के होंठ तो कभी ऊपर के होंठ को. मेरी और उसकी जीभ भी आपस में टकराने लगी, ऐसा स्मूच था कि हम दोनों पागल हो गये. मेरे दोनों हाथ उसकी पीठ पर थे और उसके हाथ मेरे चूतड़ पर, वो धीरे धीरे मेरे चूतड़ों को मसल रही थी और में उसकी चिकनी पीठ पर हाथ फेर रही थी.

फिर उसने मेरी पेंटी के अंदर हाथ डाल दिया और गांड की दरार को अपनी उंगलियों से चोदने लगी. मैंने भी अब उसकी पेंटी में हाथ डाल दिया और उसकी पेंटी को आधा ऊतार दिया और उसकी चूत को आधा नंगा कर दिया, लेकिन उसने मेरे हाथ पकड़े और वहीँ रोक दिए और फिर वो घुटनो के बल बैठ गई और मेरी पेंटी की इलास्टिक पकड़ी और पूरी नीचे तक ऊतार दी. मेरी चूत पर झांटे थी, उन्हें देखकर वो बोली कि तेरी चूत पर तो झांटे आ गई है. मेरी तो अभी भी क्लीन है. मैंने कहा हाँ मैंने कल रात तुझे हस्तमैथुन करते हुए देखा था.

उसने अचानक मेरी और देखा और हल्का सा मुस्कुराई, में कुछ नहीं बोली और फिर वो अपनी एक उंगली मेरी चूत पर रगड़ने लगी. मेरे पूरे बदन में आग लग गई. पानी भी भाप बनकर उड़ रहा हो ऐसा लग रहा था और उसकी उंगली के हल्के से स्पर्श से ही में अपने पंजो के बल उछल पड़ी, वो यह देख हंस गई. वो फिर हल्के-हल्के से उंगली मेरी चूत पर रगड़ने लगी और मेरी आँखें अपने आप बंद हो गई और मैंने उसका दूसरा हाथ पकड़कर अपने बूब्स पर रख दिया, वो अपने दूसरे हाथ से मेरे बूब्स को दबाने लगी.

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कुछ देर तक चूत को रगड़ने के बाद उसने मेरी चूत के अंदर उंगली डाल दी, मेरे मुँह से आह्ह निकल गया, वो मुस्कुराई और बोली अभी तक तूने हस्तमैथुन नहीं किया है क्या? तो मैंने कहा नहीं यार करती हूँ, लेकिन उंगली कभी नहीं दी. फिर वो उंगली को हल्के-हल्के अंदर बाहर करने लगी और मुझे मज़ा आने लगा, मेरे पेट में गुदगुदी सी होने लगी. फिर उंगली देते हुये उसने मेरी चूत को चूमा भी. उसके होठों के स्पर्श से में और कामुक हो गई और उसके सर को अपने हाथ से पकड़कर उसके होठों को अपनी चूत पर टिका दिया, उसने अपना चेहरा ऊपर करके मेरी और देखा और बोली अब तेरी चूत को चाटूं भी.

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मैंने कहा, प्लीज आईना मज़ाक मत कर, चाट ना बड़ा मज़ा आया था जब तूने होंठ से चूमा था. फिर वो हल्का सा मुस्कुराई और फिर मेरी चूत की पंखड़ियो को अपने होठों के बीच दबाकर मेरी चूत में अपनी जीभ डाल दी. में तो उछल ही पड़ी और उसके सर को दूर धकेल दिया, लेकिन उसने मेरे चूतड़ को कसकर पकड़ा और फिर मुझे अपनी और खींच लिया और मेरी चूत को चूसने लगी. अब मुझसे खड़ा नहीं रहा जा रहा था इसलिये में बाथरूम के फर्श पर ही लेट गई और आईना का मुँह मेरी दोनों टाँगो के बीच में ले लिया, इससे वो भी संतुष्ट हो गई और उसे मेरी चूत पूरी तरह से दिखाई देने लगी और उसने अब अच्छी तरह मेरी चूत को चूसना शुरू कर दिया. वो अब जीभ अंदर बाहर करने लगी. मेरे पेट में तितलियाँ सी उड़ने लगी और मेरी जाँघो की नसे टाईट हो गई और कुछ ही देर में झड़ गई, जिससे मेरी चूत पूरी गीली हो गई.

आईना ने तब मुँह मेरी जांघों के बीच से निकाला, उसके होंठ पर मेरी चूत का पानी लगा हुआ था. अब मेरी बारी थी आईना अब मेरे सामने खड़ी थी, में घुटनो के बल बैठ गई और आईना की पेंटी को पकड़ा और नीचे तक ऊतार दिया. अब उसकी नंगी चूत मेरे बिल्कुल सामने थी. मैंने आईना को और पैर फैलाने को कहा, उसने वैसा ही किया.

फिर में उसकी टाँगों के बीच घुटनों के बल बैठ गई और अब उसकी चूत ठीक मेरे ऊपर थी और मैंने उसकी चूत को थोड़ी देर रगड़ा और फिर अपनी एक उंगली उसकी चूत में डाल दी उसके मुँह से हल्की सी सिसकारी निकली. मैंने अपनी उंगली अंदर बाहर करना शुरू कर दिया और मैंने एक हाथ से उससे शॉवर ले लिया. उसने भी बिना कुछ कहे मुझ को शॉवर दे दिया. मैंने शॉवर उसकी गांड के छेद पर रखा और उसे ढंग से साफ किया, वो गांड में ठंडा ठंडा पानी जाने से और कामुक होने लगी और बोली कि तू ये क्या कर रही है? मैंने कहा तू आज थोड़ा नया मज़ा ले, वो बोली क्या तू मेरी गांड चाटेगी तो मैंने कहा बस देखती जा.

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फिर मैंने उसकी गांड से शॉवर हटा लिया और अब मैंने उसकी चूत में दो उंगली दे दी, वो फिर हल्का सा कहराई, लेकिन थोड़ी देर में मज़े लेने लगी और उधर में उसके चूतड़ों पर किस करने लगी, वो मधहोश हो गई. फिर मैंने अपनी जीभ उसके चूतड़ों की दरार में डालकर उसकी गांड को जीभ से छुआ. उतने में ही वो उछल पड़ी, लेकिन मैंने फिर उसे पीछे खींचा और अपनी उंगलियाँ उसकी चूत से निकाली और उसकी कमर को आगे से होल्ड करके उसे अपनी और खींचा जिससे मुझे उसकी गांड के लिए सीधा रास्ता मिल गया.

फिर मैंने अपने दोनों हाथ उसकी गांड के छेद पर रखे और उन्हें पहले किस किया, आईना तो पागल हो गई थी और अपने हाथों से अपनी गांड की दरार को और चोड़ा करने लगी. मैंने उससे कहा ऐसा कर तू घोड़ी बन जा, वो फिर घोड़ी की तरह फर्श पर बैठ गई और मैंने उसकी गांड की दरार और चोड़ी कर दी और उस पर अपने होंठ रख दिए, वो कामुकता से कराह उठी.

मैंने फिर अपनी जीभ उसकी गांड में डाली और उसकी गांड को चूसने लगी और अपने एक हाथ से उसकी चूत को रगड़ने लगी, वो पागलों की तरह अपने बूब्स मसलने लगी. मैंने कुछ देर उसकी गांड को खूब चाटा और अपनी उंगलियों से उसकी चूत को चोदा और थोड़ी देर बाद ही वो झड़ गई और हम दोनों बाथरूम में एक दूसरे के बगल में लेट गये. थोड़ी देर तक हम दोनों की साँसें तेज चलती रही और फिर हम दोनों एक दूसरे को देखकर हंसने लगे, तभी माँ की आवाज़ आई, आईना, आईशा, ब्रेकफास्ट करने नीचे आ जाओ. फिर हम दोनों उठे और एक दूसरे को एक बार और स्मूच किया और फिर अपने अपने कपड़े पहने और बाथरूम के बाहर आ गये.

फिर कुछ ही देर में हम ब्रेकफास्ट करने नीचे चले गये. आज हमें कुछ करना तो था नहीं इसलिये हम दोनों ने फटाफट ब्रेकफास्ट ख़त्म किया और अपने रूम में आ गये और गेट अंदर से लॉक कर लिया. मैंने तुरंत अपना गाउन खोला और आईना से लिपट गई और उसका गाउन भी खोल दिया और हम दोनों के नंगे बदन फिर से टकरा गये और एक दूसरे को स्मूच करने लगे, स्मूच करते करते ही में उसे बेड तक ले गई और फिर हम दोनों बेड पर गिर गये और में आईना के ऊपर थी और उसके होठों को बुरी तरह चूसने लगी और उसके बूब्स को मसलने लगी.

 

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