पड़ोसन की खूबसूरत चूत-2

Padosan ki khubsurat chut-2

वो बोली कि हाँ है तो मैंने उससे कहा कि तो फिर चलो अंदर चल कर पहले हम कॉफी पिएँगे और फिर वापस चलेंगे. फिर वो बोली कि ठीक है और फिर में रूम में अंदर गया और जाते ही रूम को अंदर से बंद कर दिया तो वो बोलने लगी कि विकास तुम कुछ तो नहीं करोगे? तो मैंने बोला कि हाँ में कुछ नहीं करूँगा तुम्हे मुझ पर विश्वास है ना. फिर मैंने उसे बेड पर लेटा दिया और खुद भी उस पर आकर लेट गया. तो वो बोली कि नहीं विकास, तो मैंने बोला कि मुझ पर विश्वास है ना? वो बोली कि हाँ तो में बोला कि में बस तुम्हे किस करूँगा और कुछ नहीं करूँगा. अब में उसे पागलों की तरह की किस करता रहा.

फिर वो एकदम से उठकर खड़ी हो गई और मैंने उसे पीछे से पकड़ा और उसे पीछे से किस करने लगा, जिससे वो धीरे धीरे मदहोश होने लगी थी. फिर मैंने उसे बेड पर लेटा दिया और अब में उसके ऊपर लेट गया और उसे लगातार किस करता रहा और उसे स्मूच करने लगा. वो मेरी जीभ से खेलने लगी और में धीरे धीरे उसके कपड़ो के ऊपर से उसके बूब्स को दबाने लगा. फिर मैंने उसके स्वेटर को उतार दिया और फिर अपने स्वेटर को भी उतार दिया और फिर में उसके सूट की कमीज़ के पीछे से हाथ डालकर उसकी पीठ को मसलने लगा था जिसकी वजह से वो अब और भी मदहोश हो रही थी.

फिर मैंने उससे अपनी कमीज़ को उतारने को कहा तो वो मुझसे कहती है कि नहीं विकास यह सब ठीक नहीं है. मैंने बोला कि क्यों तुम्हे मेरे ऊपर विश्वास है ना? वो बोली कि हाँ है तो मैंने बोला कि बस में और कुछ नहीं करूँगा और फिर में उसके जिस्म को किस करने लगा और फिर मैंने भी जल्दी से अपनी शर्ट को उतार दिया और अपने बनियान को भी और उसके ऊपर आ गया. फिर में उसकी कमर पर किस करने लगा और करते करते मैंने उसकी ब्रा का हुक अपने मुहं से खोल दिया और अब उसके बूब्स को चूमने, चूसने लगा और उसकी निप्पल को किसी बच्चे की तरह काटने लगा था और कभी अपने एक हाथ से उसकी दूसरी निप्पल को दबा रहा था जिसकी वजह से वो बिल्कुल पागल हो रही थी. वो मेरे ऊपर आ गयी और अब मेरी छाती पर किस करने लगी जो मेरी एक बहुत बड़ी कमज़ोरी है. मेरी छाती पर बाल भी बहुत सारे है और वो मेरी गर्दन पर किस करने लगी. में तो जैसे अब पागल हो रहा था.

हिंदी सेक्स स्टोरी :  मेरी वासनापूर्ण क्रिसमस की रात

अब मैंने जल्दी से अपनी जीन्स को उतार दिया और उसके ऊपर आ गया. फिर उसकी सलवार को उतारने लगा तो वो अब मुझे ऐसा करने से रोकने लगी. फिर मैंने उससे कहा कि में बस इसके आगे कुछ नहीं करूँगा और मैंने उसकी सलवार को भी उतार दिया और अब जल्दी से उसकी पेंटी को भी और मैंने अपना अंडरवियर भी उतार दिया. अब मैंने उससे अपना लंड चूसने को कहा तो पहले तो उसने मुझसे साफ मना किया, लेकिन फिर मेरे बहुत कहने पर वो मान गई. दोस्तों वाह वो क्या लंड चूस रही थी. में तो बिल्कुल पागल हुए जा रहा था और फिर में 69 की पोज़िशन में आ गया और उसकी चूत को चाटने लगा. क्या स्मेल थी दोस्तों उसकी चूत की? मुझे तो सूंघते ही एक अजीब सा नशा सा चढ़ गया और अब में उसकी चूत को बहुत बुरी तरह से पागलों की तरह चाटने लगा और दो उंगलियाँ चूत के अंदर डालकर ज़ोर ज़ोर से आगे पीछे करके चोदने लगा. फिर थोड़ी ही देर के बाद वो झड़ गयी.

यह कहानी आप HotSexStory.xyz में पढ़ रहें हैं।

अब ज़्यादा टाईम ना खराब करते हुए में उसके ऊपर आ गया और उसके ऊपर लेट गया और उससे पूछा कि कैसे डालूं कंडोम लगाकर या बिना कंडोम के? तो उसने बोला कि जैसे तुम्हारा मन करे डाल दो. दोस्तों में हमेशा अपने साथ कंडोम रखता हूँ और में बिना कंडोम के कभी भी कोई भी चूत नहीं चोदता. फिर मैंने जल्दी से उसे कंडोम अपने लंड पर चढ़ाने को दिया और उसने चढ़ा दिया. फिर मैंने पहले उसे बहुत आसान तरीके से उसके ऊपर लेटकर चोदा और फिर थोड़ी देर बाद के में सीधा बैठ गया और वो मेरी कमर पर अपने दोनों पैर लपेट कर मेरे ऊपर बैठ गयी और फिर मैंने उसे ऐसे थोड़ी देर तक चोदा और उसके बाद में नीचे लेट गया और वो मेरे ऊपर आ गयी. फिर में उसके बूब्स को चूसने लगा और लंड को नीचे से धक्के मारने लगा. वो पागल हो रही थी और हम दोनों पूरे जोश से चुदाई कर रहे थे और पूरे रूम में उसकी चीखने चिल्लाने की आवाज़ गूँज रही थी आआअहह आईईई ऊऊऊओह औचह विकास और ज़ोर से करो, में आज बिल्कुल पागल हो रही हूँ.

हिंदी सेक्स स्टोरी :  फ्रेंडशिप डे पर मेरी सील तोड़ दी बॉयफ्रेंड ने वाइन पीला कर

फिर उसके बाद वो सीधी लेट गयी और में भी उसके साथ में लेट गया और उसका एक पैर उठाकर उसे चोदने लगा और उसके बूब्स को चूसने लगा और उसे लगातार धक्के देकर चोदता रहा. उसके कुछ देर बाद मैंने उसे घोड़ी बनने को कहा और अब में उसे घोड़ी बनाकर चोदने लगा. अब उसकी सिसकियों की बहुत तेज़ तेज़ आवाज़ आ रही थी आअहह ऊऊऊओह पच पच उसकी चूत पूरी गीली हो चुकी थी क्योंकि इस बीच वो दो बार झड़ चुकी थी. फिर में उसके ऊपर आकर लेट गया और उसे ज़ोर ज़ोर से धक्के देकर चोदने लगा. करीब 15-20 मिनट उसके ऊपर लेटकर चोदने के बाद मैंने उससे पूछा कि क्यों अंदर ही कर दूं? तो वो मुझसे बोली कि आपकी मर्ज़ी और फिर थोड़ी देर के बाद मैंने अपने लंड का पानी अंदर ही छोड़ दिया और उसके ऊपर थककर लेट गया. फिर कुछ देर बाद उठा और हमने अपने अपने कपड़े पहने और हम वहां से बाहर आ गये.

HotSexStory.xyz में कहानी पढ़ने के लिये आपका धन्यवाद, हमारी कोशिश है की हम आपको बेहतर कंटेंट देते रहे!